टमाटर की बेहतरीन फसल से किसान त्रवेंद्र साहू की बदली किस्मत

टमाटर की खेती से मिला भरपूर फायदा
यहां का टमाटर नई दिल्ली, उत्तर प्रदेश एवं अन्य राज्यों तक जा रहा

टमाटर की खेती किसानों के लिए बेहद फायदेमंद साबित हो रही है, जिससे उन्हें कम लागत में अच्छा मुनाफा (लाखों में) मिल रहा है, क्योंकि इसकी बाजार में साल भर मांग रहती है और आधुनिक तकनीक (जैसे मल्चिंग और ड्रिप सिंचाई) से पैदावार भी बंपर होती है, जिससे धान जैसी पारंपरिक फसलों की तुलना में किसानों की आय में काफी वृद्धि हुई है और वे आर्थिक रूप से मजबूत हुए हैं, साथ ही सेहत के लिए भी यह सब्जी कई बीमारियों में लाभकारी है।
किसान श्री त्रवेंद्र साहू ने बताया कि अधिक मात्रा में टमाटर का उत्पादन होने पर नई दिल्ली, उत्तर प्रदेश एवं अन्य राज्यों तथा राजनांदगांव एवं लोकल मार्केट में बिक्री के लिए भेज रहे हैं। अब तक 1000 कैरेट टमाटर की बिक्री कर चुके हैं। उन्होंने पूरी वेरायटी का टमाटर लगाया है। टमाटर की बहुत डिमांड रही और बहुत अच्छी कीमत मिली। अभी भी टमाटर की तोड़ाई का कार्य जारी है। मार्च तक पर्याप्त टमाटर मिल जाएंगे। उन्होंने कहा कि शासन की किसान हितैषी योजनाओं से प्रेरित होकर धान के बदले टमाटर की फसल लेने से बहुत फायदा हुआ है। किसान कब खेती-किसानी के लिए नवीन तकनीक का उपयोग कर रहे हैं, जिससे कार्य में आसानी हुई है।
धान के बदले उद्यानिकी फसल लेने तथा टमाटर की बेहतरीन फसल होने से किसान श्री त्रवेंद्र साहू की किस्मत बदल गई है। राजनांदगांव जिले के छुरिया विकासखंड के ग्राम लाममेटा के किसान श्री त्रवेंद्र साहू को शासन की राष्ट्रीय बागवानी मिशन से लगभग 2 लाख 50 हजार रूपए का अनुदान मिला। जिससे उन्होंने धान की फसल के बदले 1.5 एकड़ में मल्चिंग पद्धति से टमाटर की खेती की। प्राप्त राशि से उन्हें मदद मिली और उद्यानिकी विभाग के सहयोग से ड्रिप, टमाटर के पौधे, खाद, दवाई पर व्यय किए। इस वर्ष टमाटर की बम्पर पैदावार होने से उन्हें बहुत फायदा हुआ। किसान श्री त्रवेंद्र साहू ने बताया कि उन्होंने अब तक लगभग 10 लाख रूपए के टमाटर की बिक्री की है, जिसमें उन्हें लगभग 7 लाख रूपए का शुद्ध मुनाफा हुआ है। उन्होंने बताया कि धान के बदले टमाटर की खेती उनके लिए बहुत फायदेमंद रही है। शासन की योजनाओं से लाभ मिलने से वे आर्थिक दृष्टिकोण से समृद्ध हुए हैं। सरकार द्वारा सब्जी एवं अन्य फसलों की खेती के लिए प्रोत्साहन एवं सहायता राशि दी जा रही है।