टाटा ट्रस्ट के ट्रस्टियों के बीच अंदरूनी कलह, शापूरजी मिस्त्री ने फिर दोहराई टाटा संस की लिस्टिंग की मांग

 टाटा ट्रस्ट के ट्रस्टियों के बीच अंदरूनी कलह, शापूरजी मिस्त्री ने फिर दोहराई टाटा संस की लिस्टिंग की मांग



टाटा संस में टाटा ट्रस्ट के ट्रस्टियों के बीच अंदरूनी कलह की खबरों के बीच, एसपी ग्रुप के चेयरमैन शापूरजी पलोनजी मिस्त्री ने एक बार फिर टाटा संस की सार्वजनिक लिस्टिंग की मांग दोहराई है। उन्होंने कहा कि आरबीआई ने 30 सितंबर, 2025 तक टाटा संस को सूचीबद्ध करने की समयसीमा तय की है। मिस्त्री का मानना है कि इससे पारदर्शिता आएगी और सभी हितधारकों के बीच विश्वास मजबूत होगा।






टाटा ग्रुप में कलह के बीच टाटा संस की लिस्टिंग की मांग। फाइल फोटो

 टाटा समूह की होल्डिंग कंपनी टाटा संस को नियंत्रित करने वाले टाटा ट्रस्ट के ट्रस्टियों के बीच चल रहे अंदरूनी कलह की खबरें सामने आ रही हैं। इसी बीच एसपी ग्रुप के चेयरमैन शापूरजी पलोनजी मिस्त्री ने शुक्रवार को एक बार फिर पारदर्शिता लाने के लिए टाटा संस की सार्वजनिक लिस्टिंग की मांग दोहराई है।


मिस्त्री ने कहा कि आरबीआइ ने टाटा संस को 30 सितंबर, 2025 तक ऊपरी स्तर के वर्गीकरण में सूचीबद्ध करने की समयसीमा तय की थी। उन्होंने इस निर्देश को गंभीरता और नियामकीय प्रतिबद्धताओं के सम्मान के साथ देखे जाने की जरूरत बताई।


मिस्त्री ने क्या कहा?

मिस्त्री ने कहा कि शापूरजी पलोनजी समूह ने लगातार टाटा संस की सार्वजनिक लिस्टिंग की वकालत की है। उन्होंने कहा, "हमारा दृढ़ विश्वास है कि इस प्रमुख संस्थान की लिस्टिंग से न केवल इसके संस्थापक श्री जमशेदजी टाटा द्वारा परिकल्पित पारदर्शिता की भावना कायम रहेगी, बल्कि सभी हितधारकों (कर्मचारियों, निवेशकों और भारत के लोगों) के बीच विश्वास भी मजबूत होगा।"


उन्होंने आगे कहा-


भारत के सबसे पुराने व्यावसायिक घरानों में से एक के रूप में, हमें आरबीआइ पर पूरा भरोसा है कि वह समानता, न्याय और जनहित के सिद्धांतों पर आधारित निर्णय लेगा।

मिस्त्री ने विश्वास व्यक्त किया है कि आरबीआइ कानून के शासन और निष्पक्षता की भावना के अनुरूप काम करेगा। मिस्त्री ने जोर देकर कहा कि टाटा संस की सार्वजनिक सूची केवल एक वित्तीय कदम नहीं है, बल्कि यह एक नैतिक और सामाजिक अनिवार्यता है।
कौन हैं शापूरजी?

शापूरजी पलोनजी परिवार के पास टाटा संस में लगभग 18.37 प्रतिशत हिस्सेदारी है। एसपी समूह धन जुटाने और अपने कर्ज को कम करने के लिए टाटा संस में अपनी हिस्सेदारी का लाभ उठाने पर विचार कर रहा है। टाटा समूह की प्रमोटर और होल्डिंग कंपनी टाटा संस में टाटा ट्रस्ट्स की 66 प्रतिशत हिस्सेदारी है।

Share this

Related Posts

Previous
Next Post »